कुल्लू। शनिवार को सड़क सुरक्षा को लेकर जिला स्तरीय रोड सेफ्टी कमेटी की बैठक का आयोजन उपायुक्त तोरूल एस रवीश की अध्यक्षता में किया गया।
जिला रोड सेफ्टी कमेटी की बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त अश्वनी कुमार, क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (आरटीओ) राजेश भंडारी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ रणजीत, लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों ने भाग लिया। जबकि बैठक का संचालन क्लब के सदस्य सचिव एवं अधिशासी अभियंता लोक निर्माण बी.सी. नेगी द्वारा किया गया।
बैठक में जानकारी दी गई कि 1 जनवरी से 31 जनवरी 2026 तक सड़क सुरक्षा माह के रूप में मनाया जायेगा। जिसमें सड़क सुरक्षा से संबंधित विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया जाएगा।
उपायुक्त ने कहा कि सड़क दुर्घटनाएं चिंता का विषय हैं। उन्होंने सभी विभागीय अधिकारियों से आग्रह किया कि वे आपसी समन्वय और ठोस योजना के साथ दुर्घटनाओं को रोकने की दिशा में कार्य करें। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि वे अपना वार्षिक रोड सेफ्टी एक्शन प्लान तैयार कर शीघ्र प्रस्तुत करें, जिससे तय समय सीमा में योजनाओं का क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जा सके।
उपायुक्त ने सभी विभागों से आह्वान किया कि वे आपसी समन्वय और सहयोग से सड़क सुरक्षा अभियान को सफल बनाएं। उन्होंने कहा कि यह केवल एक विभाग की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि सामूहिक प्रयासों से ही सड़कों को सुरक्षित बनाया जा सकता है। बैठक में लोगों की सुरक्षा और सड़कों में होनी वाली दुर्घटनाओं को कम करने की विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक में आरटीओ, एसडीएम एवं पुलिस विभाग को नियमित चैकिंग अभियान चलाने के निर्देश दिए गए, ताकि लोग ट्रैफिक नियमों का कड़ाई से पालन करें और लापरवाही से वाहन चलाने की प्रवृत्ति पर अंकुश लग सके।
बैठक में दुर्घटनाओं की संभावनाओं को कम करने के उद्देश्य से राष्ट्रीय उच्च मार्ग और अन्य सडकों से जुड़ने वाली सम्पर्क सड़कों पर उचित स्थानों पर साइनेज लगाए जाने का निर्णय लिया गया, जिससे वाहन चालकों को दिशा, गति सीमा एवं अन्य आवश्यक सूचनाएं मिल सकें।
जिला के प्रत्येक क्षेत्रीय लाइसेंसिंग प्राधिकरण एसडीएम को पुलिस के साथ सड़क सुरक्षा को लेकर जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए।
उपायुक्त ने ब्लैक स्पॉट्स को चिन्हित कर उनमें सुधार लाने के लिए दिशा–निर्देश जारी किये गए।