करसोग। स्वास्थ्य खंड करसोग की सभी सीएचसी और पीएचसी में अब एमरजेंसी मेडिकल सेवाएं उपलब्ध होगी। जिसकी प्रक्रिया स्वास्थ्य विभाग ने शुरू कर दी है। राज्य सरकार के ग्रामीण स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ कर, आमजन को घर द्धार के समीप बेहतर स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध करवाने के संकल्प के दृष्टिगत क्षेत्र की सभी सीएचसी और पीएचसी स्तर के अस्पतालों में एमरजेंसी मेडिकल सेवाएं शुरू की जा रही है। जिस संबंध में आवश्यक प्रभावी कदम उठाने के दिशा निर्देश खंड चिकित्सा अधिकारी द्धारा जारी किए गए है।
खंड चिकित्सा अधिकारी करसोग डाॅ. गोपाल चैहान ने बताया कि स्वास्थ्य खंड के अंतर्गत पांगणा और अशला में दो सीएचसी (सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र) संचालित है। जबकि स्वास्थ्य खंड के अन्तर्गत चुराग, मांहूनाग, सेरी, सैंज बगड़ा, खन्योल बगड़ा, ग्वालपुर, महोग, बगशाड़ और तत्तापानी में 10 पीएचसी आती है। उन्होंने बताया कि इन सभी सीएचसी और पीएचसी में 15 मार्च से पहले सभी एमरजेंसी मेडिकल सर्विसेज सुनिश्चित की जाएगी। इस संबंध में आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी गई है। उन्होंने बताया कि हाल ही में स्वास्थ्य खंड के सभी अधिकारियों के साथ हुई अहम बैठक में यह निर्णय लिया गया है।
उन्होंने बताया कि क्षेत्र के सभी स्वास्थ्य संस्थानों में मिलने वाली स्वास्थ्य सुविधाओं का आंकलन करने के उपरांत स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के निर्देश दिए गए है। उन्होंने बताया कि सीएचसी और पीएचसी स्तर के सभी स्वास्थ्य संस्थानों में एमरजैंसी में ग्लूकोज चढ़ाने, बिस्तर, आॅक्सीजन कंसंट्रेटर, नेबुलाइजर, ईसीजी मशीन, हार्ट अटैक की दवाई उपलब्ध करने, एमरजेंसी में डिलीवरी करवाने, ब्हील चेयर, स्टेचर, टांके लगाने का सामन, एमरजेंसी दवाइयां, विभिन्न प्रकार के टेस्ट और सीसीटीवी कैमरा आदि इंस्टाॅल किए जा रहे है। उन्होंने बताया कि इन सभी सेवाओं की आपूर्ति करने के लिए धनराशि भी आवंटित की गई है।
खंड चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि जिन सीएचसी और पीएचसी में डाॅक्टर उपलब्ध हैं वहां इन सभी सुविधाओं का होना बेहद आवश्यक है ताकि एमरजेंसी में आने वाले लोगों को राज्य सरकार के दिशा निर्देशानुसार घर द्धार समीप मरीजों को उचित उपचार प्रदान किया जा सके।