शिमला। कांग्रेस और इंडी गठबंधन के राजनीतिक दलों के ख़िलाफ भारतीय जनता पार्टी सड़कों पर हैं. शिमला में गुरुवार को हिमाचल भाजपा ने जन आक्रोश महिला पर यात्रा निकालकर ज़ोरदार प्रदर्शन किया. भारतीय जनता पार्टी की महिला नेताओं का आरोप है कि कांग्रेस और अन्य सहयोगी विपक्षी दलों ने जान-बूझकर महिला आरक्षण बिल का समर्थन नहीं किया. विपक्षी दल नहीं चाहते कि महिलाएं सदन में देश का प्रतिनिधित्व करें. भाजपा ने प्रदेश कांग्रेस सरकार को भी महिला विरोधी क़रार देते हुए उन्हें हर महीने 1500 रुपये की सम्मान निधि वाली गारंटी याद दिलाई है.
पच्छाद से BJP विधायक रीना कश्यप, हिमाचल BJP महिला मोर्चा अध्यक्ष डेज़ी ठाकुर और हिमाचल BJP महामंत्री पायल वैद्य ने कहा कि संसद में नारी शक्ति वंदन अधिनियम से जुड़े घटनाक्रम ने विपक्ष के महिला विरोधी चेहरे को पूरी तरह उजागर कर दिया है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा लाया गया यह ऐतिहासिक विधेयक देश की साधारण महिलाओं को भी विधानसभा और संसद में अपनी आवाज उठाने का अवसर देने वाला था. कांग्रेस, समाजवादी पार्टी और तृणमूल कांग्रेस ने मिलकर इसे रोकने का काम किया. कांग्रेस ने पिछले छह दशकों में महिलाओं को केवल एक “साधारण मतदाता” तक सीमित रखा और कभी उन्हें वास्तविक नेतृत्व देने की नीयत नहीं दिखाई. जब भी महिलाओं को आगे बढ़ाने की बात आई, कांग्रेस ने उसे टालने या कमजोर करने का प्रयास किया. आने वाले वक़्त में महिलाएं कांग्रेस और विपक्षी दलों पर करारा जवाब देंगी.