आज से शुरू हुआ प्रथम कैम्प, ज़िला भर के 700 कैडेट्स ले रहे भाग
हमीरपुर। एनसीसी की गतिविधियों को और अधिक प्रभावी बनाने तथा कैडेट्स को बेहतर प्रशिक्षण प्रदान करने के उद्देश्य से जून माह में तीन बड़े एनसीसी कैंप आयोजित किए जाएंगे। यह जानकारी एनसीसी अधिकारी कर्नल जीपी सिंह ने देते हुए बताया कि इस वर्ष बटालियन की कुल शक्ति बढ़कर 3520 कैडेट्स हो गई है, जिनमें से लगभग 1800 कैडेट्स हमीरपुर में आयोजित होने वाले विभिन्न कैंपों में भाग लेंगे। उन्होंने बताया कि आज से शुरू हो रहे कैम्प में जिलाभर के 700 कैडेट्स भाग लेंगे और विभिन्न गतिविधियों में भाग लेंगे । एनसीसी अधिकारी कर्नल जीपी सिंह ने बताया कि प्रशासनिक सुविधा एवं गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण को ध्यान में रखते हुए इन 1800 कैडेट्स को तीन अलग-अलग कैंपों में विभाजित किया गया है। सभी कैंप 10-10 दिनों की अवधि के होंगे तथा इनका आयोजन जवाहर नवोदय विद्यालय (जेएनवी) डुंगरी में किया जाएगा।
कर्नल जीपी सिंह ने बताया कि पहला कैंप 4 जून से 13 जून तक आयोजित होगा, जिसमें लगभग 700 कैडेट्स भाग लेंगे। इस कैंप में शिमला ग्रुप से 100 अतिरिक्त कैडेट्स भी शामिल होंगे। यह कैंप थल सेना कैंप (टीएससी) के लिए प्रारंभिक चयन शिविर होगा, जिसमें चयन प्रक्रिया स्वयं कर्नल जीपी सिंह द्वारा संचालित की जाएगी।
दूसरा कैंप 14 जून से 23 जून तक आयोजित किया जाएगा, जिसमें लगभग 600 कैडेट्स भाग लेंगे। इस दौरान एक विशेष माउंटेनियरिंग एवं हाइकिंग अभियान भी आयोजित किया जाएगा। इसके लिए चयनित 25 कैडेट्स को 6 से 7 दिनों की पर्वतीय ट्रैकिंग पर भेजा जाएगा। यह अभियान मैक्लोडगंज, करेरी लेक, तुंड क्षेत्र, पालमपुर हाइट्स तथा बरोट हाइट्स जैसे क्षेत्रों में आयोजित होगा। इस अभियान के ऑफिसर इन-चार्ज (ओआईसी) की जिम्मेदारी भी कर्नल जीपी सिंह संभालेंगे। उन्होंने बताया कि तीसरा कैंप 24 जून से 3 जुलाई तक आयोजित होगा, जिसमें लगभग 600 कैडेट्स भाग लेंगे। इस कैंप के दौरान एक विशेष साइकिलिंग अभियान का आयोजन किया जाएगा। इसके लिए आवश्यक साइकिलें पहले ही खरीदी जा चुकी हैं। इस अभियान में 20 कैडेट्स भाग लेंगे और यह जेएनवी डुंगरी से शुरू होकर हमीरपुर, मंडी और बिलासपुर जिलों के विभिन्न क्षेत्रों को कवर करेगा। साइकिलिंग अभियान का पहला पड़ाव सैनिक स्कूल सुजानपुर टीहरा में होगा। इसके बाद टीम पालमपुर, अलीलाल, जोगिंद्रनगर, मंडी और बिलासपुर से होते हुए पुनः जेएनवी डुंगरी लौटेगी। यह पूरा अभियान लगभग 7 से 8 दिनों में पूरा किया जाएगा।
कर्नल जीपी सिंह ने बताया कि एनसीसी द्वारा प्रदान किए जाने वाले ए, बी और सी सर्टिफिकेट युवाओं के लिए अग्निवीर भर्ती तथा सशस्त्र बलों में अधिकारी बनने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। उन्होंने कहा कि एनसीसी के माध्यम से युवाओं में अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और राष्ट्रसेवा की भावना का विकास होता है।
उन्होंने यह भी बताया कि सभी कैंपों और विशेष अभियानों के दौरान उनके साथ बटालियन के सेकंड इन-कमांड (2आईसी) अधिकारी भी मौजूद रहेंगे ताकि प्रशिक्षण एवं व्यवस्थाओं का सुचारू संचालन सुनिश्चित किया जा सके।