SHIMLA…हिमाचल विधानसभा का मानसून सत्र पहले दो दिनों में ही हंगामे की भेंट चढ़ता नज़र आ रहा है। दो दिनों में करीब दो घंटे 15 मिनट ही सदन की कार्यवाही चल सकी। दूसरे दिन कार्यवाही न चलने पर भाजपा विधायक दल विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया के चेंबर के बाहर धरने पर बैठ गया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सदन चलाने की मांग की। नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि सरकार चर्चा से भाग रही है। विपक्ष सदन की कार्यवाही को चलाना चाहता है। इसे लेकर वे स्पीकर के पास अपनी बात रख रहे हैं। बीजेपी विधायक दल की मांग है कि अगर सरकार राष्ट्र गान के अपमान की बात कर रही है, तो इसकी वीडियो को सार्वजनिक किया जाना चाहिए। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि सरकार हिमाचल विधानसभा में CWC के एजेंडा को लागू करवाने की कोशिश कर रही है। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि बीजेपी विधायक दल विधानसभा सचिव को पत्र लिखकर उस क्लिप को देने की मांग कर रही है, जिसमें पहले दिन राष्ट्रगान हुआ।
हिमाचल प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि सदन में क्या होगा, इसका फैसला सदन में ही होगा। उन्होंने कहा कि विपक्ष के आरोपों का जवाब देने के लिए वह बाध्य नहीं हैं। शुक्रवार को राष्ट्रगीत के मुद्दे पर हंगामे के बाद सदन स्थगित करना पड़ा था। अध्यक्ष ने कहा कि सदस्यों को सदन की परंपरा के बारे में बताया गया था कि सत्र की शुरुआत राष्ट्रगान और समापन राष्ट्रगीत से होता है, लेकिन व्यवस्था नहीं बन पाई।
उन्होंने बताया कि दूसरे दिन शोकोद्गार के बाद प्रश्नकाल में दो सवाल हुए। नेता प्रतिपक्ष को वक्तव्य रखने का मौका दिया गया और इसके बाद मुख्यमंत्री ने जवाब शुरू किया, लेकिन फिर सदन में व्यवस्था नहीं बन सकी। दो बजे के बाद मुख्यमंत्री ने जवाब पूरा करने की कोशिश की, लेकिन हंगामे के चलते कार्यवाही आगे नहीं बढ़ सकी। पठानिया ने कहा कि मामले का समाधान उनके चेंबर में नहीं, बल्कि दोनों पक्षों की मौजूदगी में सदन के भीतर ही निकलेगा।