चण्डीगढ़ : आचार्य कुल, चण्डीगढ़ की ओर से भारत रत्न आचार्य विनोबा भावे तथा वरिष्ठ पत्रकार एवं चंडीगढ़ प्रेस क्लब के पूर्व अध्यक्ष स्व. नलिन आचार्य की स्मृति में ‘संत विनोबा भावे सम्मान-2026’ समारोह का आयोजन कम्युनिटी सेंटर, सेक्टर-43 में किया गया। समारोह में साहित्य, पत्रकारिता एवं समाजसेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाली विभूतियों को सम्मानित किया गया।
स्व. नलिन आचार्य हिमाचल प्रदेश के जिला कांगड़ा के बैजनाथ से सम्बन्ध रखते थे। उनके पिता स्व. संतोष कुमार भी हिमाचल प्रदेश से पत्रकारिता जगत में बड़ा नाम रह चुके हैं। समारोह के माध्यम से आचार्य विनोबा भावे के विचार-दर्शन और स्व. नलिन आचार्य की पत्रकारिता एवं सामाजिक प्रतिबद्धता को श्रद्धापूर्वक स्मरण किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ प्रो. पल्लवी रामपाल द्वारा प्रस्तुत सरस्वती वंदना से हुआ। कवयित्री अन्नुरानी शर्मा ने मंच संचालन करते हुए समारोह को प्रभावशाली ढंग से आगे बढ़ाया। आचार्य कुल के वरिष्ठ उपाध्यक्ष एवं सुप्रसिद्ध साहित्यकार प्रेम विज ने आचार्य विनोबा भावे के जीवन-दर्शन, त्याग, सेवा और सामाजिक समरसता के संदेश पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि विनोबा भावे का विचार-दर्शन आज भी मानवता को सेवा, सद्भाव और नैतिक मूल्यों की दिशा दिखाता है।
समारोह में सांसद मनीष तिवारी मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। चंडीगढ़ के महापौर सौरभ जोशी, पार्षद प्रेमलता, स्वर्गीय नलिन आचार्य की धर्मपत्नी मंजू आचार्य, समाजसेवी चंद्रमुखी शर्मा, सेवानिवृत्त अधिकारी राजेश राय तथा डॉ. अनीश गर्ग विशिष्ट अतिथि के रूप में समारोह में शामिल हुए।
प्रतिभाओं का सम्मान नई पीढ़ी को सकारात्मक दिशा देने का माध्यम : सौरभ जोशी
महापौर सौरभ जोशी ने कहा कि समाज में उत्कृष्ट कार्य करने वाली प्रतिभाओं का सम्मान करना केवल उनका उत्साहवर्धन नहीं, बल्कि नई पीढ़ी को सकारात्मक दिशा देने का भी माध्यम है। ऐसे आयोजन युवाओं को साहित्य, पत्रकारिता, समाजसेवा और मानवीय मूल्यों से जुड़ने की प्रेरणा देते हैं। पार्षद प्रेमलता ने आचार्य विनोबा भावे के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि आचार्य कुल द्वारा स्वर्गीय नलिन आचार्य की स्मृति को सम्मानपूर्वक जीवंत रखना सराहनीय पहल है।
विनोबा भावे के आदर्श और नलिन आचार्य की प्रतिबद्धता समाज के लिए प्रेरणादायी
आचार्य कुल के अध्यक्ष के. के. शारदा ने आचार्य विनोबा भावे के जीवन, उनके त्याग, सेवा तथा सामाजिक समरसता को अविस्मरणीय बताया। उन्होंने संस्था की विभिन्न गतिविधियों एवं सामाजिक सरोकारों की जानकारी भी साझा की।
सचिव तेजिंदर ठाकुर सहित संस्था के पदाधिकारियों और सदस्यों ने समारोह को सफल बनाने में सक्रिय भूमिका निभाई।
समारोह के अंत में डॉ. विनोद कुमार शर्मा ने मुख्य अतिथि, विशिष्ट अतिथियों, सम्मानित विभूतियों, आचार्य कुल के पदाधिकारियों, सदस्यों तथा उपस्थित सभी गणमान्यजनों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि विनोबा भावे के आदर्शों और नलिन आचार्य की पत्रकारिता एवं सामाजिक प्रतिबद्धता को स्मरण करना समाज के लिए प्रेरणादायी है।