SHIMLA..देशभर में आज ईद-उल-अधा खुशियों के साथ मनाया जा रहा है। पहाड़ों की रानी शिमला में भी ईद की खुशियां देखने को मिलीं, जहां ऐतिहासिक ईदगाह में बड़ी संख्या में मुस्लिम समुदाय के लोगों ने एकत्र होकर नमाज़ अदा की। नमाज़ के दौरान देश में अमन, शांति, तरक्की और आपसी सद्भाव के लिए दुआएं मांगी गईं।
इस अवसर पर मौलाना मुमताज अहमद क़ासमी ने लोगों को संबोधित करते हुए ईद के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि ईद केवल खुशियां मनाने का पर्व नहीं है। यह त्याग, समर्पण और इंसानियत का संदेश देने वाला त्योहार है। उन्होंने कहा कि ईद हमें कुर्बानी की भावना सिखाती है और देश के साथ समाज के प्रति अपने कर्तव्यों को समझने की प्रेरणा देती है। साथ ही उन्होंने लोगों से आपसी प्रेम, भाईचारा और एकता बनाए रखने का आह्वान किया। नमाज़ के बाद ईदगाह परिसर में उत्साह का माहौल देखने को मिला। लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी। बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों में त्योहार को लेकर खास उत्साह नजर आया।