रामपुर बुशहर, अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायालय (पॉक्सो कोर्ट) किन्नौर स्थित रामपुर ने आज एक बड़ा फैसला सुनाते हुए नाबालिग छात्राओं से छेड़छाड़ के दोषी शिक्षक को कड़े कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने आरोपी रवि कांत झा (46), पुत्र स्वर्गीय अनंत कुमार, निवासी गांव व डाकखाना वारासेउनी, जिला बालाघाट (मध्य प्रदेश) को विभिन्न धाराओं के तहत दोषी करार देते हुए कुल 7 साल के कठोर कारावास और 12 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।जुर्माना न भरने की सूरत में दोषी को अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। यह दोनों सजाएं साथ-साथ चलेंगी।
साल 2024 में कला (Arts) के पीरियड में की थी घिनौनी हरकत
मामले की विस्तृत जानकारी देते हुए उप जिला न्यायवादी श्री कमल चंदेल ने बताया कि दोषी रवि कांत झा जवाहर नवोदय विद्यालय में कला (Arts) का शिक्षक था। साल 2024 में स्कूल में आर्ट्स पीरियड के दौरान उसने अलग-अलग दिनों में 12 छात्राओं / बाल पीड़िताओं के साथ अश्लील हरकतें और छेड़खानी की थी। दोषी ने बुरी नीयत से छात्राओं के शरीर को गलत तरीके से छुआ था।
काउंसलिंग टीचर को आपबीती बताने पर हुआ खुलासा
इस घिनौनी हरकत से परेशान होकर सभी पीड़ित छात्राओं ने हिम्मत दिखाई और इसकी सूचना स्कूल की काउंसलिंग टीचर को दी। मामला सामने आते ही स्कूल प्रबंधन (School Authorities) ने तुरंत तत्परता दिखाई और इसकी लिखित शिकायत पुलिस को सौंपी। पुलिस ने मामला दर्ज कर त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी शिक्षक को गिरफ्तार कर लिया था।
25 गवाहों की गवाही से साबित हुआ गुनाह
उप जिला न्यायवादी कमल चंदेल ने बताया कि मामले को अंजाम तक पहुंचाने के लिए अभियोजन पक्ष (सरकार) की ओर से अदालत में कुल 25 गवाहों के साक्ष्य दर्ज करवाए गए, जबकि बचाव पक्ष की ओर से केवल 1 साक्ष्य पेश किया गया। अदालत ने गवाहों के बयानों और पुख्ता सबूतों के आधार पर आरोपी को दोषी पाया। सरकार की तरफ से इस महत्वपूर्ण मुकदमे की पैरवी उप जिला न्यायवादी कमल चंदेल द्वारा की गई।