शिमला। तकनीकी शिक्षा, व्यावसायिक एवं औद्योगिक प्रशिक्षण के प्रधान सचिव डॉ. अभिषेक जैन ने शुक्रवार को जिला शिमला के प्रगतिनगर स्थित अटल बिहारी वाजपेयी राजकीय इंजीनियरिंग एवं प्रौद्योगिकी संस्थान (एबीवीजीआईईटी) का दौरा कर संस्थान की शैक्षणिक, प्रशासनिक, अनुसंधान तथा आधारभूत संरचना संबंधी गतिविधियों की समीक्षा की।
इस अवसर पर डॉ. जैन ने इंजीनियरिंग, पॉलिटेक्निक एवं आईटीआई विंग के संकाय सदस्यों और कर्मचारियों के साथ संवाद किया। उन्होंने समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए संस्थान को और सशक्त बनाने पर बल दिया। उन्होंने शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार, अनुसंधान एवं नवाचार को बढ़ावा देने, आधारभूत संरचना के उन्नयन तथा विद्यार्थियों के समग्र विकास की दिशा में कार्य करने के लिए कहा।
बैठक में मानव संसाधन को सुदृढ़ करने, छात्र कल्याण निधि का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित करने, केंद्रीय पुस्तकालय में अतिरिक्त पुस्तकों एवं डिजिटल संसाधनों की उपलब्धता बढ़ाने, प्रयोगशालाओं के आधुनिकीकरण तथा अत्याधुनिक कृत्रिम बुद्धिमत्ता प्रयोगशाला स्थापित करने का निर्णय लिया गया। उन्होंने शोध पत्रिकाओं में प्रकाशन को प्रोत्साहित करने पर बल दिया।
प्रधान सचिव ने विद्यार्थियों को शैक्षणिक एवं औद्योगिक भ्रमण के माध्यम से उद्योगों का अधिक व्यावहारिक अनुभव प्रदान करने, संकाय सदस्यों द्वारा नियमित मार्गदर्शन, व्यक्तित्व विकास एवं सॉफ्ट स्किल्स प्रशिक्षण तथा ‘टॉपर गैलरी’ जैसी पहलों के माध्यम से शैक्षणिक उत्कृष्टता को सम्मानित करने पर भी बल दिया।
परिसर के समग्र विकास के लिए कक्षाओं के उन्नयन, खेल सुविधाओं के विस्तार, इनडोर जिम्नेजियम की स्थापना, हरित परिसर के विकास तथा स्वच्छता के उच्च मानकों को बनाए रखने के निर्देश दिए गए। इसके अतिरिक्त, संकाय सदस्यों को राष्ट्रीय एजेंसियों से अनुसंधान अनुदान प्राप्त करने और उद्योगों के साथ सहयोग को और मजबूत करने के लिए प्रेरित किया गया।
डॉ. अभिषेक जैन ने कहा कि संस्थान को शैक्षणिक उत्कृष्टता, नवाचार, अनुसंधान, उद्योग-संस्थान साझेदारी तथा उपलब्ध संसाधनों के प्रभावी उपयोग के माध्यम से तकनीकी शिक्षा का उत्कृष्टता केंद्र बनने की दिशा में कार्य करना चाहिए। उन्होंने संकाय एवं कर्मचारियों का आहवान करते हुए कहा कि समर्पण और सामूहिक प्रतिबद्धता के साथ तकनीकी शिक्षा के सर्वोच्च मानकों को हासिल करने की दिशा में कार्य किया जाए।