केन्द्रीय रेल मंत्री ने बेंगलुरु-मुंबई वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया

नई दिल्ली। केन्द्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज केद्रीय मंत्री  प्रहलाद जोशी, केद्रीय मंत्री  एच. डी. कुमारस्वामी, रेल राज्य मंत्री  वी. सोमन्ना, राज्य मंत्री  शोभा करंदलाजे तथा अन्य गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति में एसएमवीटी बेंगलुरु-छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस(सीएसएमटी), मुंबई वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह शुभारंभ समारोह भारत के दो प्रमुख महानगरीय और आर्थिक केंद्रों के बीच आधुनिक रात्रिकालीन रेल संपर्क को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

इस नई पीढ़ी की स्लीपर ट्रेन की शुरुआत से यात्रियों को बेंगलुरु और मुंबई के बीच यात्रा के लिए एक अतिरिक्त आधुनिक, आरामदायक और कुशल विकल्प उपलब्ध होगा। इस सेवा से पेशेवरों, उद्यमियों, व्यावसायिक यात्रियों, छात्रों, व्यापारियों और पर्यटकों को लाभ मिलने की उम्मीद है। साथ ही, यह कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और महाराष्ट्र के महत्वपूर्ण क्षेत्रीय केन्द्रों के बीच रेल संपर्क को भी मजबूत करेगी।

जनवरी 2026 में हावड़ा-गुवाहाटी कॉरिडोर पर वंदे भारत स्लीपर ट्रेन सेवाओं की शुरुआत और कल वाराणसी-नई दिल्ली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को हरी झंडी दिखाए जाने के बाद, बेंगलुरु-मुंबई सेवा आधुनिक रात्रिकालीन रेल यात्रा के नेटवर्क का और विस्तार करती है तथा यात्री-केंद्रित परिवहन के प्रति भारतीय रेलवे की प्रतिबद्धता को और भी मजबूती प्रदान करती है।

बेंगलुरु-मुंबई वंदे भारत स्लीपर एक्सप्रेस ट्रेन की शुरुआत के महत्व पर प्रकाश डालते हुए,  वैष्णव ने कहा कि यह सेवा देश की आईटी और स्टार्टअप राजधानी बेंगलुरु को उसकी वित्तीय राजधानी मुंबई से जोड़ेगी। यह ट्रेन आंध्र प्रदेश के अनंतपुर और गुंतकल; कर्नाटक के रायचूर, यादगीर और कलबुर्गी तथा महाराष्ट्र के सोलापुर, पुणे और कल्याण से होकर गुजरेगी। इससे उत्तर कर्नाटक के कई क्षेत्रों को बेहतर रात्रिकालीन रेल संपर्क उपलब्ध होगा, जिन्हें पहले प्रीमियम और विश्वस्तरीय रेल सेवाओं की सुविधा उपलब्ध नहीं थी। उन्होंने यह भी घोषणा की कि कर्नाटक के लिए अगली वंदे भारत स्लीपर सेवा बेंगलुरु से शुरू होगी। यह ट्रेन राज्य के उत्तरी हिस्सों को हुबली क्षेत्र से जोड़ते हुए पुणे और मुंबई की ओर जाएगी।