मंत्रिमंडल की बैठकों में लिए गए 789 निर्णय पूरी तरह कार्यान्वितः जगत सिंह नेगी

शिमला। राजस्व, बागवानी, जनजातीय विकास एवं जन शिकायत निवारण मंत्री जगत सिंह नेगी की अध्यक्षता में…

भारत पाक युद्ध के बीच ऊना में शिक्षक संस्थान बन्द, अधिकारी शिक्षण संस्थानों को परिस्थितियों के अनुसार बंद करने के लिए अधिकृत ,रोहित ठाकुर

शिमला। भारत-पाकिस्तान के बीच युद्ध जैसे हालात बने हुए हैं। केंद्र सरकार ने सभी राज्य सरकारों…

हिमाचल-चीन सीमा पर अब तक नहीं हुई कोई बड़ी घटना, हालात सामान्य रहने की उम्मीद – नेगी

शिमला। भारत और पाकिस्तान के बीच तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए हिमाचल में चीन की सीमा…

आपातकालीन संचालन केंद्र स्थापित, छुट्टियों सहित 24×7 रहेगा सक्रिय और चालू

शिमला। हिमाचल प्रदेश सरकार के आदेशानुसार जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, उपायुक्त कार्यालय शिमला में एक आपातकालीन…

जिला शिमला में पर्याप्त मात्रा में आवश्यक सामग्री का स्टॉक उपलब्ध,,जमाखोरी एवं मुनाफाखोरी की शिकायत टोल फ्री न० 1967 या 1077 पर करें

शिमला। ज़िला नियंत्रक खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले नरेंद्र धीमान ने जानकारी देते हुए बताया…

मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन को सभी आवश्यक प्रबंध सुनिश्चित करने के निर्देश दिए

    सभी उपायुक्तों और पुलिस अधीक्षकों को सतर्क रहने को कहा उच्च स्तरीय बैठक में…

देखिए हिमाचल समाचार,, सौजन्य: सूचना एवं जनसंपर्क विभाग हिमाचल प्रदेश

देखिए हिमाचल समाचार,, सौजन्य: सूचना एवं जनसंपर्क विभाग हिमाचल प्रदेश

पाकिस्तान वो मुल्क है जहां पर प्रधानमंत्री तो बदलते रहते हैं लेकिन आतंकवाद को बदलने की नीति नहीं बदलती : त्रिलोक कपूर

शिमला, भाजपा प्रदेश महामंत्री त्रिलोक कपूर ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर, 140 करोड़ भारतीयों को यह…

HPNLU में ग्रामरली – AI-आधारित लेखन सहायता उपकरण पर प्रशिक्षण सत्र आयोजित

शिमला।  हिमाचल प्रदेश राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय, हिमाचल प्रदेश राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय (HPNLU), शिमला की कुलपति प्रो. (डॉ.) प्रीती सक्सेना के नेतृत्व में, 7 मई 2025 को विश्वविद्यालय परिसर में ग्रामरली – AI-आधारित लेखन सहायता उपकरण पर एक प्रशिक्षण सत्र आयोजित किया। यह सत्र ग्रामरली इंक. के एक प्रमाणित प्रशिक्षक द्वारा संचालित किया गया था, जिसका उद्देश्य छात्रों को अकादमिक और व्यावसायिक लेखन को बढ़ाने के लिए AI-संचालित उपकरणों के प्रभावी उपयोग से परिचित कराना था। प्रशिक्षण ने व्याकरण, स्पष्टता, जुड़ाव और समग्र लेखन दक्षता में सुधार करने में ग्रामरली के व्यावहारिक अनुप्रयोगों के बारे में जानकारी प्रदान की। इस सत्र में स्नातक और परास्नातक दोनों ही वर्गों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया, जिन्हें कार्यशाला के दौरान दिए गए व्यावहारिक प्रदर्शन और संवादात्मक मार्गदर्शन से लाभ मिला। इस कार्यक्रम का आयोजन डॉ. संतोष कुमार शर्मा, डीन, अकादमिक मामले और लाइब्रेरी प्रभारी, एचपीएनएलयू, शिमला द्वारा किया गया था। एचपीएनएलयू अपने विद्यार्थियों को अकादमिक और कानूनी लेखन की उभरती मांगों को पूरा करने के लिए नवीन उपकरणों और समकालीन कौशल से लैस करने के लिए प्रतिबद्ध है।