झलेड़ा पंचायत में पोषण अभियान और बेटी बचायो बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत जागरूकता शिविर आयोजित

ऊना। समेकित बाल विकास परियोजना ऊना के तहत ग्राम पंचायत झलेड़ा में पोषण माह के अंतर्गत…

15 सितंबर को ग्राम सभा की विशेष बैठक

ऊना। ऊना जिले में स्वच्छता ही सेवा अभियान के सफल आयोजन के उद्देश्य से 15 सितंबर…

युवाओं को रोजगार का सुनहरा मौका

ऊना। डीआरडीए ऊना की परियोजना अधिकारी शैफाली शर्मा ने बताया कि सिक्योरिटी एंड इंटेलिजेंस सर्विसेज (इंडिया)…

संजौली मस्जिद विवाद को लेकर हिमाचल पुलिस के DGP का बयान, इसे स्थानीय विवाद के तौर पर देख रही पुलिस प्रदेश में सामाजिक सौहार्द ठीक, सभी परिस्थितियों के लिए पुलिस तैयार

शिमला। संजौली में शुरू हुआ अवैध मस्जिद विवाद हमने का नाम नहीं ले रहा है कुछ…

उपायुक्त ने किया एमसीएच सेंटर ऊना का दौरा

ऊना. उपायुक्त जतिन लाल ने सोमवार को मातृ शिशु देखभाल अस्पताल (एमसीएच सेंटर) का दौरा कर…

शहीद लाला जगत नारायण की 43वीं पुण्य तिथि पर क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में लगा रक्तदान शिविर

ऊना। महान स्वतंत्रता सेनानी और पंजाब केसरी पत्र समूह के संस्थापक शहीद लाला जगत नारायण की…

राजेश धर्माणी की अध्यक्षता में हिमुडा के निदेशक मंडल की बैठक आयोजित

शिमला। नगर एवं ग्राम नियोजन मंत्री राजेश धर्माणी की अध्यक्षता में आज यहां हिमुडा के निदेशक…

प्रधानमंत्री के नेतृत्व में हम स्वच्छ वायु और नीले आकाश के लिए निरंतर प्रयास कर रहे हैं: केंद्रीय पर्यावरण मंत्री

केंद्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव और राजस्थान के मुख्यमंत्री  भजन लाल शर्मा की गरिमामयी उपस्थिति में 07 सितंबर, 2024 को जयपुर में अंतरराष्ट्रीय स्वच्छ वायु नील गगन दिवस (स्वच्छ वायु दिवस) मनाया गया। इस कार्यक्रम में राजस्थान सरकार के वन, पर्यावरण और जलवायु परिवर्तन राज्य मंत्री संजय शर्मा और राजस्थान सरकार के केंद्रीय शहरी विकास और स्थानीय स्वशासन राज्य मंत्री झाबर सिंह खर्रा भी उपस्थित थे। राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने इस वर्ष के आयोजन की मेजबानी की। इस अवसर पर, एनसीएपी कार्यक्रम के सार, इसमें शामिल एजेंसियों के योगदान और 131 एनसीएपी शहरों में वायु गुणवत्ता में सुधार को दर्शाने वाला एक आकर्षक वीडियो प्रदर्शित किया गया। बताया गया कि केंद्रित कार्रवाई, संसाधनों के सम्मिश्रण और प्रभावी निगरानी ने 95 शहरों में वायु प्रदूषण में कमी के रुझान के साथ सकारात्मक परिणाम दर्शाए हैं। 51 शहरों ने आधार वर्ष 2017-18 के संबंध में पीएम10 के स्तर में 20 प्रतिशत से अधिक की कमी दिखाई है और इनमें से 21 शहरों ने 40 प्रतिशत से अधिक की कमी हासिल की है। कार्यक्रम के दौरान ‘व्यवहार्य प्रौद्योगिकियों और कार्य प्रणालियों पर संग्रह: एनसीएपी शहरों से सबक’ नामक एक दस्तावेज का विमोचन किया गया। इसमें स्थानीय संदर्भों और आवश्यकताओं के अनुरूप वायु गुणवत्ता में सुधार के लिए शहरों द्वारा की गई पहलों के उदाहरण प्रदर्शित किए गए। इसके अलावा, जयपुर प्रदर्शनी और सम्मेलन केंद्र के ‘मातृ वन’ में “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत 100 पौधे भी लगाए गए। स्वच्छ वायु सर्वेक्षण पुरस्कार श्रेणी-1 (10 लाख से अधिक जनसंख्या) के तहत सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले एनसीएपी शहरों सूरत, जबलपुर और आगरा को ; श्रेणी-2 (3 से 10 लाख के बीच की जनसंख्या) फिरोजाबाद,…

प्रदेश में लगातार बढ़ रहा नशा चिंताजनक, कानून में भी प्रभावी बदलाव लाने की आवश्यकता, नशे के खिलाफ सम्मेलन में बोले शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर मुख्यमंत्री के समक्ष रखी जायेगी विशेषज्ञों की राय

शिमला। प्रदेश में नशे के बढ़ते कदमो को रोकने के लिए राज्य ज्ञान विज्ञान समिति ने…

मुख्य संसदीय सचिव सुंदर सिंह ठाकुर ने मलाणा रोड़ का जायज़ा लेते हुए मलाणा डेम 1 तक का किया दौरा

कुल्लू। मुख्य संसदीय सचिव सुंदर सिंह ठाकुर ने आज मलाणा रोड़ का जायज़ा लेते हुए मलाणा…